📚 मेरठ समेत पूरे यूपी में 1059 टीचर ट्रेनिंग कॉलेजों की मान्यता रद्द – NCTE ने जारी की सूची
मेरठ। सत्र 2025-26 शुरू होने से ठीक पहले उत्तर प्रदेश के सैकड़ों टीचर ट्रेनिंग कॉलेजों के लिए बड़ा झटका सामने आया है। नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजुकेशन (NCTE) ने प्रदेश के 1059 शिक्षक-शिक्षा कॉलेजों की मान्यता रद्द कर दी है।
इस लिस्ट में सबसे ज्यादा डीएलएड के 380 और बीएड के 178 कॉलेज शामिल हैं। इसके अलावा बीपीएड और एमएड जैसे कोर्स चलाने वाले भी कई कॉलेज इस कार्रवाई की जद में आ गए हैं।
📑 क्या है कारण?
NCTE की ओर से बताया गया है कि जिन कॉलेजों ने Performance Annual Report (PAR) तय समय पर अपलोड नहीं की थी, उन्हीं पर यह कार्रवाई की गई है। NCTE कई महीनों से इसको लेकर अलर्ट करता रहा, लेकिन सैकड़ों कॉलेजों ने इसकी अनदेखी कर दी।
अब NCTE की तीसरी लिस्ट शुक्रवार रात जारी की गई, जिसमें 1059 कॉलेजों की मान्यता खत्म कर दी गई है। इससे पहले दो चरणों में देशभर के अन्य राज्यों में भी कॉलेजों पर कार्रवाई हो चुकी है।
📌 चौधरी चरण सिंह यूनिवर्सिटी से जुड़े कॉलेज भी शामिल
मेरठ स्थित चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के अंतर्गत आने वाले 6 जिलों के 50 से ज्यादा कॉलेज भी इस कार्रवाई में शामिल हैं। वहीं B.Ed काउंसलिंग जुलाई में प्रस्तावित है और विश्वविद्यालयों ने कॉलेजों की सूची भेज भी दी थी।
इस वजह से माना जा रहा है कि कई कॉलेज अब कोर्ट का रुख करेंगे ताकि मान्यता फिर से बहाल कराई जा सके।
📋 किन पाठ्यक्रमों के कॉलेजों पर कार्रवाई?
- D.El.Ed (380 कॉलेज)
- B.Ed (178 कॉलेज)
- M.Ed (22 कॉलेज)
- B.P.Ed (22 कॉलेज)
- अन्य 16 कोर्स वाले कॉलेज
⚠️ क्या हो सकते हैं इसके प्रभाव?
- छात्रों का एडमिशन रुक सकता है
- जुलाई में प्रस्तावित B.Ed काउंसलिंग पर असर
- कॉलेजों की प्रतिष्ठा को झटका
- कोर्ट केस और कानूनी उलझनों की शुरुआत
📌 टैग्स:





